विजयनगर सम्राट
कृष्णदेवराय
Krishnadevaraya
विजयनगर के शिखर का शासक — योद्धा, प्रशासक और स्वयं तेलुगु महाकाव्य 'आमुक्तमाल्यद' का रचयिता।
उपलब्धियाँ
- सिंचाई-तंत्र और नए तालाब
- साहित्य को संरक्षण — 'अष्टदिग्गज' कवि
- बहमनी उत्तराधिकारी राज्यों और ओडिशा के विरुद्ध सफल अभियान
विरासत
उसकी मृत्यु के तीन दशक बाद तालीकोटा (1565) में हार के साथ विजयनगर नगर उजड़ गया — पर उसकी प्रशासनिक विरासत दक्षिण में बनी रही।
Sources
स्रोत
- विदेशी विवरणc. 1520s and 1530s
Chronicles of Vijayanagara
Domingo Paes and Fernão Nuniz, Portuguese travellers
विजयनगर नगर का प्रत्यक्ष विवरण — बाज़ार, महल, महानवमी उत्सव। बाहरी दृष्टि, पर अत्यंत विस्तृत।